युवाओं को गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण व रोजगार देना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता: कपिल देव अग्रवाल

जनपत की खबर , 107

प्रशिक्षण की गुणवत्ता सुधारने वाले संस्थानों को प्रोत्साहन, कमजोर प्रदर्शन पर स्पष्टीकरण दिया जाए

उद्योगों की मांग और युवाओं की रुचि के अनुसार नए ट्रेड शुरू करने पर दिया बल

डीडीयू-जीकेवाई से 2.59 लाख युवाओं को प्रशिक्षण, 1.52 लाख को रोजगार 

प्रवीण योजना में विद्यालयों व नामांकन संख्या में उल्लेखनीय वृद्धि, 23,000 से अधिक छात्रों का पंजीकरण

इंडिया स्किल्स 2025 के जनपद से मंडल और राज्य स्तरीय कौशल प्रतियोगिताओं के आयोजन की विस्तृत समय-सारिणी जारी

नॉलेज पार्टनर  के रूप में IIT रुड़की, MNIT जयपुर, IIM लखनऊ को भी जोड़ने की प्रक्रिया जारी

लखनऊ, गोरखपुर, झांसी, वाराणसी और मुजफ्फरनगर में वृहद रोजगार मेलों का होगा आयोजन
 
वृहद रोजगार मेलों में 100 कंपनियों की भागीदारी व 15,000 रिक्तियों की संभावना

लखनऊ, 29 नवम्बर 2025।

प्रदेश के व्यावसायिक शिक्षा, कौशल विकास एवं उद्यमशीलता राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) कपिल देव अग्रवाल ने उत्तर प्रदेश कौशल विकास मिशन मुख्यालय, अलीगंज लखनऊ में विभागीय कार्यों की विस्तृत समीक्षा करते हुए कहा कि योगी सरकार युवाओं को गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण और रोजगार उपलब्ध कराने के लिए लगातार व्यापक प्रयास कर रही है। उन्होंने निर्देश दिया कि प्रदेश के सभी औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों और प्रशिक्षण केंद्रों की वास्तविक समय आधारित निगरानी सुनिश्चित की जाए, प्रशिक्षकों की उपस्थिति और प्रशिक्षण की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दिया जाए तथा उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले संस्थानों को प्रोत्साहित किया जाए, जबकि कमजोर प्रदर्शन वाले संस्थानों से लिखित स्पष्टीकरण प्राप्त किया जाए। उन्होंने यह भी कहा कि उद्योगों की मांग और युवाओं की रुचि के अनुरूप नए व्यवसाय आरम्भ किए जाएं और स्थानीय आवश्यकताओं के अनुसार क्षेत्रों का उन्नयन किया जाए, ताकि युवाओं को उनके जनपद में ही बेहतर रोजगार के अवसर मिल सकें।

समीक्षा बैठक में आईटीओटी (प्रशिक्षक प्रशिक्षण संस्थान) लखनऊ/सुल्तानपुर के प्रशिक्षण आँकड़े प्रस्तुत करते हुए बताया गया कि प्रशिक्षण सत्र 2015-16 से 2024-25 तक कुल 3181 प्रशिक्षार्थियों में से 3064 ने सी-आई-टी-एस (शिल्प प्रशिक्षक प्रशिक्षण परीक्षा) सफलतापूर्वक उत्तीर्ण की है। संस्थान में प्रदेश के राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों के प्रधानाचार्यों, अनुदेशकों, कार्यदेशकों और अन्य कर्मचारियों के प्रशिक्षण की भी प्रभावी व्यवस्था की गई है।

बैठक में दीनदयाल उपाध्याय ग्रामीण कौशल्य योजना (DDU-GKY) की प्रगति भी प्रस्तुत की गई, जिसके अनुसार अब तक लगभग 2.59 लाख युवाओं को प्रशिक्षण, लगभग 2.33 लाख का मूल्यांकन और लगभग 1.52 लाख युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराया जा चुका है। योजना के नए चरण डीडीयू 2.0 के लिए प्रशिक्षण सहयोगियों के आवेदन प्राप्त हो रहे हैं और चयन प्रक्रिया तेजी से आगे बढ़ रही है। प्रोजेक्ट प्रवीण योजना के अंतर्गत पिछले तीन वर्षों में विद्यालयों की संख्या और नामांकन में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई है। इस वर्ष के 62,326 के लक्ष्य के सापेक्ष लगभग 23,000 बच्चों का नामांकन पूरा हो चुका है और एडिट  विद्यालयों को भी योजना में शामिल करने की अनुमति मिल चुकी है।

कौशल प्रतियोगिताओं में प्रदेश के उत्कृष्ट प्रदर्शन का उल्लेख करते हुए बताया गया कि इंडिया स्किल्स प्रतियोगिता 2025 के लिए प्रदेश में 1,09,249 अभ्यर्थियों ने पंजीकरण कराया है, जो देश में सर्वाधिक संख्या है। जनपद स्तरीय प्रतियोगिताओं का आयोजन पूर्ण हो चुका है और मंडल स्तरीय प्रतियोगिताएं 1 से 10 दिसंबर के मध्य आयोजित होंगी, जबकि राज्य स्तरीय प्रतियोगिताएं 20 दिसंबर से 20 जनवरी के बीच पूरी की जाएंगी। मंत्री अग्रवाल ने निर्देश दिया कि सभी प्रतियोगिताओं का संचालन पूर्ण पारदर्शिता, उच्च गुणवत्ता और निष्पक्षता के साथ सुनिश्चित किया जाए, ताकि प्रदेश के प्रतिभाशाली युवा राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर सकें।

प्रशिक्षकों की क्षमता वृद्धि के लिए कौशल विकास नेटवर्क (वाधवानी संस्था) के साथ समझौता ज्ञापन के अंतर्गत प्रशिक्षण कार्यक्रम प्रारम्भ किए गए हैं। सहारनपुर मंडल के 23 प्रशिक्षकों का प्रशिक्षण राजकीय आईटीआई मुजफ्फरनगर में सफलतापूर्वक आयोजित किया गया। इसी प्रकार लखनऊ, अयोध्या, बस्ती सहित अन्य मंडलों में भी प्रशिक्षण कार्यक्रम प्रस्तावित हैं। प्रशिक्षण की गुणवत्ता को और मजबूत करने के लिए भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान रुड़की तथा मलवीय राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान जयपुर को नॉलेज पार्टनर  बनाया गया है तथा भारतीय प्रबंधन संस्थान लखनऊ सहित अन्य प्रमुख संस्थानों को भी इसमें शामिल करने की प्रक्रिया जारी है, जिससे पाठ्यक्रम विकास, मूल्यांकन सुधार और उद्योगों के साथ बेहतर समन्वय स्थापित होगा।

युवाओं को अधिक रोजगार उपलब्ध कराने की दिशा में विभाग द्वारा लखनऊ, गोरखपुर, झांसी, वाराणसी और मुजफ्फरनगर में वृहद रोजगार मेलों का आयोजन किया जाएगा, जिनमें लगभग 100 कंपनियों की भागीदारी और 15,000 से अधिक रिक्तियों की संभावना है। मंत्री अग्रवाल ने निर्देश दिया कि सभी रोजगार मेलों में अधिकतम युवा सहभागिता सुनिश्चित की जाए और कंपनियों के साथ निरंतर समन्वय बनाए रखते हुए चयन के बाद युवाओं की निगरानी प्रणाली को मजबूत किया जाए।

मंत्री कपिल देव अग्रवाल ने कहा कि योगी सरकार का लक्ष्य है कि प्रदेश का प्रत्येक युवा हुनरमंद बने, आत्मनिर्भर बने और प्रदेश की अर्थव्यवस्था को नई ऊँचाई देने में अपनी महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाए। उन्होंने निर्देश दिया कि सभी विभागीय योजनाओं का क्रियान्वयन पारदर्शिता, समयबद्धता और उच्च गुणवत्ता के साथ सुनिश्चित किया जाए तथा किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

बैठक में प्रमुख सचिव डॉ. हरिओम, विशेष सचिव  अभिषेक सिंह, निदेशक कौशल विकास मिशन पुलकित खरे, अपर मिशन निदेशक प्रिया सिंह,  अपर निदेशक मानपाल सिंह,  संयुक्त निदेशक मयंक गंगवार, राजेन्द्र प्रसाद सहित विभागीय अधिकारी  उपस्थित रहे।

Related Articles

Comments

Back to Top