बड़े ही हर्षोल्लास के साथ मनाया गया सुब्रमण्यम भारती

जनपत की खबर , 460

लखनऊ।

बेसिक विद्यालय अलीनगर सुनहरा नगर क्षेत्र जोन एक में आज दिनांक 11 दिसम्बर 2022 को सुब्रमण्यम भारती जी का जन्मदिन बड़े ही हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। सुब्रमण्यम भारती जी के बारे में प्रकाश डालते हुए विद्यालय के प्रभारी प्रधानाध्यापक राकेश कुमार पाण्डेय जी ने बच्चों व अन्य सभी को अवगत कराया कि सुब्रह्मण्य भारती जी का जन्म तमिल के एट्टायापुरम्, भारत में ११ दिसम्बर १८८२ को हुआ था। इनकी मृत्यु - सितम्बर 11, 1921 में  38 वर्ष की उम्र में मद्रास, भारत में हुई। ये एक तमिल कवि थे। उनको 'महाकवि भारतियार' के नाम से भी जाना जाता है। उनकी कविताओं में राष्ट्रभक्ति कूट-कूट कर भरी हुई है। वह एक कवि होने के साथ-साथ भारतीय स्वतंत्रता संग्राम में शामिल सेनानी, समाज सुधारक, पत्रकार तथा उत्तर भारत व दक्षिण भारत के मध्य एकता के सेतु समान थे।
भारती एक तमिल लेखक, कवि, पत्रकार, भारतीय स्वतंत्रता कार्यकर्ता, समाज सुधारक और बहुभाषाविद थीं।
लोकप्रिय रूप से "महाकवि भारती" के रूप में जाना जाता है, वह आधुनिक तमिल कविता के अग्रणी थे और उन्हें अब तक के सबसे महान तमिल साहित्यकारों में से एक माना जाता है।
उनके कई कार्यों में भारतीय स्वतंत्रता आंदोलन के दौरान देशभक्ति को भड़काने वाले उग्र गीत शामिल थे। वे एक कामकाजी पत्रकार के रूप में, भारती ने संवाद करने के लिए आवश्यक रूप से गद्य का इस्तेमाल किया, और स्वदेशमित्रन और भारत में उनके लेखन ने तमिल राजनीतिक शब्दावली में एक महत्वपूर्ण योगदान दिया।
उन्होंने कहानियाँ, टिप्पणियाँ लिखीं, और तमिल में स्तंभ लेखन के अग्रणी भी थे।
राष्ट्रवादी आंदोलन की दिन-प्रतिदिन की राजनीति में सक्रिय भागीदारी के बावजूद, भारती ने कभी भी भविष्य की दृष्टि नहीं खोई, एक स्वतंत्र भारत कैसा दिखना चाहिए। इस सपने के पहलू उनकी काल्पनिक कहानी, ज्ञानरथम (बुद्धि का रथ ) का हिस्सा हैं। इस दौरान विद्यालय में बच्चों ने वाद विवाद प्रतियोगिता,कविता, निबंध पोस्टर प्रतियोगिता, के साथ- साथ विभिन्न भाषाओं एवं साहित्यकार और साहित्यों की जानकारी छात्रों को प्रदान की गई।साथ ही नागरिकों के मध्य प्रेम और सौहार्द बढ़ाने के उनके योगदान पर विस्तृत चर्चा कर लोगों को जागरूक करने का प्रयास किया गया और छात्रों को भारत में प्रयोग होने वाली विभिन्न भाषाओं के विषय में बताते हुए प्रेम शान्ति व "विविधता में एकता" की अवधारणा को समझाया गया। इस कार्यक्रम में छात्र छात्राओं नें नई-नई रोचक जानकारियों के साथ खूब मस्ती की इस अवसर पर विद्यालय प्रबन्ध समित के राजकुमार, प्रथम इनफोटेक संस्था के मोहम्मद शावेज़. रूबी, शिक्षा मित्र सुनीता देवी यादव, व्यापार मंडल के सदस्य राजेश जयसवाल उपस्थित रहे। वहीं इस कार्यक्रम को नगर क्षेत्र जोन एक के सभी स्कूलों के साथ प्रथमिक विद्यालय चपरूआ खेड़ा में भी मनाया गया।

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