*हाई कोर्ट ने कहा- 25 हजार से कम नहीं मानी जा सकती गैर कमाऊ सदस्य की आमदनी*
अन्य खबरे Jan 06, 2022 at 11:50 AM , 348अलीगढ़।
इलाहाबाद हाई कोर्ट ने कहा है कि दुर्घटना में मारे गए किसी परिवार के गैर कमाऊ सदस्य की मानक आमदनी 25 हजार रुपये वार्षिक से कम नहीं मानी जा सकती है। कोर्ट ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट ने सरकार को वाहन दुर्घटना अधिनियम के शेड्यूल दो में इस संबंध में आवश्यक संशोधन का आदेश दिया है। इसके बावजूद संशोधन नहीं किया गया है। मौजूदा समय में महंगाई की दर, रुपये की गिरती कीमत और खर्चों को देखते हुए किसी की मानक आमदनी 25 हजार रुपये से कम नहीं आंकी जा सकती है।हाई कोर्ट ने सर्वोच्च न्यायालय द्वारा तय किए गए विभिन्न न्यायिक निर्णयों का हवाला देते हुए कहा कि सुप्रीम कोर्ट ने मंजू देवी केस में जो मानक तय किए हैं उसके अनुसार 15 वर्ष से कम आयु के व्यक्ति की संभावित आमदनी 2,25,000 रुपये मानी है। कुर्बान अंसारी केस में सुप्रीमकोर्ट ने कहा है कि गैर कामऊ सदस्य की संभावित आमदनी 15 हजार रुपये तय करना अनुचित है इसलिए वाहन दुर्घटना अधिनियम में संशोधन किया जाना चाहिए।



























Comments