विवेकाधीन कोष से जरूरतमंदों तक पहुंची लगभग 860 करोड़ की आर्थिक सहायता
जनपत की खबर Apr 05, 2026 at 03:50 PM , 28*प्रदेश के सभी मंडलों और जनपदों में जरूरतमंदों तक सीधे पहुंची आर्थिक मदद*
*वित्तीय वर्ष 2025-26 में 50 हजार से अधिक लाभार्थियों को मिली आर्थिक सहायता*
*बिना भेदभाव हर वर्ग, हर क्षेत्र और हर दल के अनुरोधों पर समान संवेदनशीलता से हुई कार्रवाई*
*बिना कोटा सिस्टम के, जहां ज्यादा जरूरत वहां ज्यादा सहायता की गई प्रदान*
*त्वरित स्वीकृति प्रक्रिया से हजारों मरीजों और जरूरतमंदों को मिली राहत*
**क्या है विवेकाधीन कोष?*
मुख्यमंत्री विवेकाधीन कोष एक ऐसी विशेष वित्तीय व्यवस्था है, जिसके माध्यम से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जरूरतमंद व्यक्तियों, संस्थाओं या आपात स्थितियों में त्वरित आर्थिक सहायता प्रदान करते हैं। यह कोष मुख्यमंत्री के विवेक पर आधारित होता है, यानी किसे सहायता दी जाए, कितनी राशि दी जाए इसका निर्णय परिस्थितियों और जरूरत के आधार पर किया जाता है। इसका उद्देश्य ऐसे मामलों में तुरंत मदद पहुंचाना है, जहां नियमित सरकारी योजनाएं पर्याप्त या समय पर मदद नहीं दे पातीं। मुख्यमंत्री विवेकाधीन कोष से आमतौर पर गंभीर बीमारियों से जूझ रहे मरीजों (कैंसर, हार्ट सर्जरी, किडनी आदि), आर्थिक रूप से कमजोर परिवार, दुर्घटना या आकस्मिक संकट से प्रभावित लोग और कुछ मामलों में शिक्षा या विशेष परिस्थितियों में सहायता प्रदान की जाती है। सहायता पाने के लिए आमतौर पर जनप्रतिनिधि (MLA/MP) के माध्यम से आवेदन या सीधे मुख्यमंत्री कार्यालय में प्रार्थना पत्र दिया जाता है। संबंधित दस्तावेज (जैसे मेडिकल रिपोर्ट, आय प्रमाण, अनुमानित खर्च आदि) के साथ आवेदन की जांच के बाद, जरूरत के अनुसार राशि स्वीकृत की जाती है।































Comments